गैरसैंण में बजट सत्र के आयोजन पर संशय,विधानसभा अध्यक्ष ने की अपील,देहरादून में हो सत्र,लेकिन सीएम का फैसला आना बाकी
देहरादून। फरवरी महीने के अंत में उत्तराखंड विधानसभा का बजट सत्र आयोजित होना है बजट सत्र आयोजित होने से पहले ही विपक्ष सरकार की मनसा पर सवाल उठाने लग गया है,सवाल बजट सत्र गैरसैंण में आयोजित न करने को लेकर उठने लगे है, विधानसभा अध्यक्ष रितु खंडूरी का कहना है कि गैरसैंण को डिजिटल लाइजेशन किये जाने का काम शुरू हो गया है, इसलिए वह सरकार से मांग करती है कि इस बार बजट सत्र गैरसैंण में आयोजित न किया जाए।
वहीं संसदीय कार्य मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल का बयान स्पीकर के बयान से बिल्कुल अलग है। प्रेमचंद अग्रवाल का कहना है कि सरकार चाहती है कि गैरसैंण में विधानसभा का बजट सत्र हो। लेकिन स्पीकर ने वहां सत्र आयोजित करने में असमर्थता जताई है,हालांकि अभी यह तय नहीं हुआ है कि सत्र कहां आयोजित होगा,लेकिन वह भी चाहते हैं कि सत्र गैरसैंण में ही आयोजित हो। कैबिनेट बैठक में उन्होंने जब यह विषय आया था तो अपनी इच्छा भी व्यक्त कर दी थी, हालांकि कैबिनेट ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को अब बजट सत्र आयोजित करने की तिथि और देहरादून या गैरसन में कहा सत्र हो अधिकृत किया है।
विधानसभा अध्यक्ष और संसदीय कार्य मंत्री के बयान पर कांग्रेस विधायक प्रीतम सिंह कभी बयान सामने आए प्रीतम सिंह का कहना है कि जब मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी मानसून सत्र में ऐलान कर चुके थे की बजट सत्र गैरसैंण में ही आयोजित होगा तो फिर जिस तरीके से सत्र आयोजित करने को लेकर अलग-अलग बयान सामने आ रहे हैं उसे साफ होता है कि विधानसभा अध्यक्ष और सरकार के बीच तालमेल की कमी है जो की अच्छी बात नहीं है।
कुल मिलाकर देखें तो गैरसैंण में विधानसभा के बजट सत्र आयोजित ना होने को लेकर अभी से सियासत शुरू हो चली है, क्योंकि अभी केवल विधानसभा अध्यक्ष विधानसभा को पूरी तरीके से सत्र आयोजित करने को लेकर तैयार नहीं मान रही हैं, ऐसे में देखना यही होगा कि क्या सरकार विधानसभा अध्यक्ष की अपील को मानती है या फिर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी बजट सत्र को ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण में ही करवाते हैं।

